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रमाकान्त राय
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नया ज्ञानोदय का उत्सव अंक
# नया_ज्ञानोदय का उत्सव अंक, संपादक लीलाधर मंडलोई, भारतीय ज्ञानपीठ की मासिक पत्रिका
(अक्टूबर, 2016) अपने पूर्ववर्ती अंको की तरह बेतरतीब है। हर बार अंक
खरीदता हूँ और सोचता हूँ कि इसका वार्षिक सदस्य बन जाना चाहिए लेकिन हाथ
में पत्रिका आती है तो लगता है कि...

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चॉकलेट दिवस पर ग्रामवासिनी प्रिया से।
(चॉकलेट दिवस पर विशेष) मेरी ग्रामवासिनी प्रिया जब चौका बासन हो जाए और लिपा जाये चूल्हा कहीं दूर पूरब में झींगुर सनसनाने लगें और निचाट सन्नाटा अम्मा को डराने लगे मेरे बारे में सोचना . जब पौ फटे गाय को सानी पानी करके बछ्ड़े को छोड़ देना दूध की एक धार बाल्टी में...

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अशरफ फयाद : फिलिस्तीनी मूल का क्रान्तिकारी कवि
ये कविताएं अशरफ फयाद के कविता संग्रह ‘Instructions Within’ में शामिल हैं जो बेरुत के दर अल - फराबी प्रकाशन द्वारा साल 2008 में प्रकाशित हुआ और बाद में सऊदी अरब में इसके प्रसार पर रोक लगा दी गई । अंग्रेजी अनुवाद : मोना करीम   हिंदी - उर्दू अनुवाद : शायक आलोक...

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अशरफ फयाद : फिलिस्तीनी मूल का क्रान्तिकारी कवि
ये कविताएं अशरफ फयाद के कविता संग्रह ‘Instructions Within’ में शामिल हैं जो बेरुत के दर अल - फराबी प्रकाशन द्वारा साल 2008 में प्रकाशित हुआ और बाद में सऊदी अरब में इसके प्रसार पर रोक लगा दी गई । अंग्रेजी अनुवाद : मोना करीम   हिंदी - उर्दू अनुवाद : शायक आलोक...

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अशरफ फयाद : फिलिस्तीनी मूल का क्रान्तिकारी कवि
ये कविताएं अशरफ फयाद के कविता संग्रह ‘Instructions
Within’ में शामिल हैं जो बेरुत के दर अल - फराबी प्रकाशन द्वारा साल 2008 में प्रकाशित हुआ और बाद में सऊदी अरब में इसके प्रसार पर रोक लगा दी गई । अंग्रेजी अनुवाद : मोना
करीम   हिंदी - उर्दू अनुवाद : शायक आलोक...

jज

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शिक्षण के माध्यम के रूप में भाषा
‘अंडा सिखावे बच्चा के कि
चूं-चूं मत कर’। बाबूजी जब कभी मेरे झूठे और नादान तर्कों से खफा होते थे तो यह कहावत अक्सर
दुहराया करते थे। अंडा बच्चे को सिखाने की कोशिश करता है। यह कथन अपने आप में ही
नादानी भरा है। बात आई-गई हो जाती थी। अब जब इस विषय पर विचार करने ...

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जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में बलराज साहनी का भाषण
(बलराज साहनी का यह भाषण मुझे बहुत प्रिय है । जवाहर लाला नेहरू विश्वविद्यालय के प्रथम दीक्षांत समारोह में दिया हुआ यह भाषण कई मायने में अभूत पूर्व है । मैं अपने ब्लॉग पर इसे साझा करते हुए बहुत प्रसन्नता महसूस कर रहा हूँ। ) लगभग
बीस साल पहले की बात है। कलकत्त...

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जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में बलराज साहनी का भाषण
(बलराज साहनी का यह भाषण मुझे बहुत प्रिय है । जवाहर लाला नेहरू विश्वविद्यालय के प्रथम दीक्षांत समारोह में दिया हुआ यह भाषण कई मायने में अभूत पूर्व है । मैं अपने ब्लॉग पर इसे साझा करते हुए बहुत प्रसन्नता महसूस कर रहा हूँ। ) लगभग
बीस साल पहले की बात है। कलकत्त...
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