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Shrinathji Temple
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Official page of Shrinathji Temple, Nathdwara
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Shri Gusaniji Ke Sevak Reda Udambar Brahman Ki Varta
२५२ वैष्णवों की वार्ता      ( वैष्णव ११३ )  श्री गुसांईजी के सेवक रेडा उदम्बर ब्राह्मण की वार्ता वह रेडा ब्राह्मण कपडवं में दशा में रहता थे। श्री गुसाँईजी पधारे तब रेडा नाम निवेदन कराया। श्रीठाकुरजी पधराकर रेडा सेवा करने लग गया। कुछ दिन बाद रेडा श्रीगोक...
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Shri Gusaniji Ke Sevak Tansen Ki Varta
२५२ वैष्णवों की वार्ता      ( वैष्णव २३७ )  श्री गुसांईजी के सेवक तानसेन की वार्ता तानसेन बड़ी जाती के थे। उन्हें गान - विद्या का अच्छा अभ्यास था। वे पृथ्वीपति के पास दिल्ली में रहते थे। सरे गवैयों में तानसेन गाने के लिए अवश्य जाते थे। उन्हें लाखों रूपया...
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Shi Gusaniji Ke Sevak Ek dhobi Ki Varta
२५२ वैष्णवों की वार्ता      ( वैष्णव ११३ )  श्री गुसांईजी के सेवक एक धोबी की वार्ता वह धोबी श्रीनाथजी के वस्त्र धोता था। श्री गुसांईजी ने धोबी से पूछा "तू बड़े यत्न से श्रीनाथजी के वस्त्र धोता है , तू वस्त्रों को क्या समजता है और किस भाव से धोता है ?" धोबी...
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Shri Gusaniji Ke Sevak GujaratVasi ek Kshatriy Vaishnav Ki Varta
२५२ वैष्णवों की वार्ता      ( वैष्णव २०३ )  श्री गुसाईजी के सेवक गुजरातवासी एक क्षत्रिय वैष्णव की वार्ता ये गुजराती क्षत्रिय वैष्णव चाचा हरिवंश जी के साथ गुजरात जा रहे थे। ये क्षत्रिय वैष्णव जब भगवद वार्ता करते थे तो भगवद रास में निमग्न हो जाते थे। उनकी ...
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Shri Gusaniji Ke Sevak Rup Chand Nanda Ki Varta
२५२ वैष्णवों की वार्ता      ( वैष्णव २२ )  श्री गुसांईजी के सेवक रूप चंद नंदा की वार्ता रूपचंद नंदा आगरा के निवासी थे। वे एक बार श्रीगोकुल में आए। उस समय श्रीगुसांईजी के पास राघवदास ब्राह्मण श्रीसुबोधिनिजि पढ़ रहे थे। पढ़ते समय ही राघवदास के मन में एक विचा...
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Shri Gusaniji Ke Sevak Naii Vaishnav Ki Varta
२५२ वैष्णवों की वार्ता      ( वैष्णव १४४ )  श्री गुसाईंजी के सेवक एक नाई वैष्णव की वार्ता द्वारिका के मार्ग में एक गाँव में नाई रहता था। जब श्रीगुसांईजी द्वारिका पधारे तो रस्ते में उस गांव में ठहरे वह नाई श्रीगुसांईजी के नाख़ून उतारने आया। जब तक उसने श्रीग...
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Shri Gusaniji Ke Sevak Ajab Kunvar Bai Ki Varta
२५२ वैष्णवों की वार्ता      ( वैष्णव ४७ )  श्री गुसांईजी की सेवक अजब कुँवर बाई की वार्ता ये अजब कुँवर बाई मेवाड़ में रहती थी। ये मीरा बाई की देवरानी थी। इनके यहाँ एक बार श्रीगुसांईजी पधारे थे , अजब कुँवर बाई को साक्षात् पूर्ण पुरुषोत्तम रूप में दर्शन हुए। अज...
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Shri Gusaniji Ke Sevak Rani Durgavati Ki Varta
२५२ वैष्णवों की वार्ता      ( वैष्णव २४२ )  श्री गुसांईजी के सेवक रानी दुर्गावती की वार्ता एक समय श्रीगुसांईंजी दक्षिण में पधारे थे। वहां से कुछ तैलंग ब्राह्मणो (जो इनकी जाती के थे ) को इस देश में निवास करने के लिए लाये। रस्ते में नर्मदा नदी के किनारे पर ...
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Shri Gusaniji Ke Sevak Ek Strota-Vakta Ki Varta
२५२ वैष्णवों की वार्ता      ( वैष्णव १०३ )  श्री गुसांईजी के सेवक एक स्त्रोता वक्ता की वार्ता ये दोनों स्त्रोता व् वक्त अपने देश में से श्रीगोकुल गए। श्री नवनीतप्रियजी के दर्शन किए और श्री गुसांईजी के मुखारविंद से कथा सुनाने लगे। कथा सुनकर अहर्निश भगवत वा...
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Shri GusanijiKe Sevak Ek Soudagar Ki Varta
२५२ वैष्णवों की वार्ता      ( वैष्णव २४७ )  श्री गुसाँईजी के सेवक एक सौदागर की वार्ता यह सौदागर आगरा में रहता था। गोपालपुर में श्रीनाथजी के दर्शन करने को आया। श्री नाथजी के दर्शन करके श्रीगुसाईंजी के दर्शन किये उन्हें श्री गुसाँईजी के दर्शन पूर्ण पुरुषोत्त...
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